लखनऊ में प्रेम संबंध में रोड़ा बन रहे पति रामकिशोर की कथित तौर पर हत्या कर शव लकड़ी के बक्से में छिपाने और बाद में ई-रिक्शे से नहर के नीचे फेंकने के मामले का पुलिस ने खुलासा किया है। मोहनलालगंज पुलिस ने शुक्रवार को सूफिया बानो समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। एक नाबालिग को भी पुलिस ने संरक्षण में लिया है। पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल चाकू और वारदात में प्रयुक्त ई-रिक्शा बरामद किया है। पुलिस के मुताबिक, 17 सितंबर को कविता देवी की तहरीर पर हत्या और शव छिपाने की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया था। घटना के खुलासे के लिए चार पुलिस टीमें गठित की गईं। टीमों ने ई-रिक्शे के संभावित रास्तों पर लगे करीब 170 से 180 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। तकनीकी और मैनुअल साक्ष्यों के आधार पर पुलिस आरोपियों तक पहुंची।
पुलिस पूछताछ में सूफिया ने बताया कि रामकिशोर से उसका करीब चार वर्ष से संबंध था और करीब दो वर्ष पहले दोनों ने निकाह किया था। पुलिस के मुताबिक, बाद में रामकिशोर को सूफिया के मुन्ना से संबंधों की जानकारी हुई, जिसके बाद दोनों के बीच विवाद होने लगा। रामकिशोर अपनी पहली पत्नी के पास जाने और उसे खर्च देने लगा था, जिसका सूफिया विरोध करती थी। पुलिस के अनुसार, 14/15 सितंबर की रात सूफिया ने मुन्ना और उसके साथी मो. इकबाल को घर बुलाया। दरवाजा खुला छोड़ने के बाद दोनों अंदर पहुंचे और सो रहे रामकिशोर पर चाकू से हमला कर उसकी हत्या कर दी। हत्या के बाद फर्श की लिपाई कर साक्ष्य मिटाने का प्रयास किया गया। इसके बाद सूफिया ने अपने करीब 16 वर्षीय बेटे को बुलाया। पुलिस के मुताबिक, सभी ने शव को लकड़ी के बक्से में रखकर बिस्तर के नीचे छिपा दिया। 15/16 सितंबर की रात शव को ई-रिक्शा लोडर में रखकर कनकहा के पास भावाखेड़ा नहर पुलिया के नीचे फेंक दिया गया। पुलिस ने मो. इकबाल, मुन्ना उर्फ मुच्छड़ और सूफिया बानो को गिरफ्तार किया है। एक नाबालिग को संरक्षण में लिया गया है। इसी तरह कुछ दिन पहले ही जानकीपुरम इलाके में घरेलू विवाद के बाद पत्नी ने पति पर तवे के कई बार हमला किया, जिससे वो बुरी तरह घायल हो गया। ये घटना गुरुवार शाम की है। गंभीर रूप से घायल ऑटो चालक आशीष सोनी को पुलिस अस्पताल लेकर पहुंची, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतक की मां मिथलेश ने पुलिस को दी तहरीर में बहू तपस्या समेत छह लोगों पर हत्या का आरोप लगाया है। उन्होंने आरोप लगाया कि पहले भी आशीष के साथ मारपीट की जा चुकी थी और उसे जान से मारने की धमकी दी गई थी।
